प्रश्न 1(क).
A ∩ (A ∩ B) बराबर है।
(अ) A
(ब) B
(स) ϕ
(द) A ∩ B
उत्तर:
दिया है:
समुच्चय व्यंजक A ∩ (A ∩ B)
ज्ञात सूत्र:
साहचर्य नियम: X ∩ (Y ∩ Z) = (X ∩ Y) ∩ Z तथा वर्गसम नियम: A ∩ A = A
हल:
A ∩ (A ∩ B) = (A ∩ A) ∩ B
= A ∩ B
अतः उत्तर: (द) A ∩ B
UP Board Class 11th Math Annual Paper 2026 NV Code
कक्षा 11वीं · गणित · 2026 · बोर्ड परीक्षा
A ∩ (A ∩ B) बराबर है।
(अ) A
(ब) B
(स) ϕ
(द) A ∩ B
उत्तर:
दिया है:
समुच्चय व्यंजक A ∩ (A ∩ B)
ज्ञात सूत्र:
साहचर्य नियम: X ∩ (Y ∩ Z) = (X ∩ Y) ∩ Z तथा वर्गसम नियम: A ∩ A = A
हल:
A ∩ (A ∩ B) = (A ∩ A) ∩ B
= A ∩ B
अतः उत्तर: (द) A ∩ B
माना n(A) = m और n(B) = n तो A से B में परिभाषित किए जा सकने वाले अरिक्त संबंधों की कुल संख्या -
(अ) mⁿ
(ब) n^m - 1
(स) mn - 1
(द) 2^(mn) - 1
उत्तर:
दिया है:
n(A) = m तथा n(B) = n
ज्ञात सूत्र:
A से B में कुल संबंधों की संख्या = 2^(n(A × B)) = 2^(mn)
अरिक्त संबंधों की संख्या = कुल संबंध - 1
हल:
समुच्चय A से B के कार्तीय गुणन A × B में अवयवों की संख्या n(A × B) = m × n = mn होती है।
A से B में कुल संबंधों की संख्या = 2^(mn)
इनमें से 1 संबंध रिक्त संबंध होता है।
अतः अरिक्त संबंधों की कुल संख्या = 2^(mn) - 1
अतः उत्तर: (द) 2^(mn) - 1
यदि nC12 = nC4 है, तो n का मान है।
(अ) 16
(ब) 12
(स) 6
(द) 30
उत्तर:
दिया है:
nC12 = nC4
ज्ञात सूत्र:
यदि nCx = nCy (जहाँ x ≠ y), तो n = x + y
हल:
यहाँ x = 12 और y = 4 है।
n = 12 + 4
n = 16
अतः उत्तर: (अ) 16
यदि A तथा B दो समुच्चय हैं तो A ∩ (A ∪ B) बराबर है।
(अ) A
(ब) B
(स) ϕ
(द) A ∩ B
उत्तर:
दिया है:
समुच्चय व्यंजक A ∩ (A ∪ B)
ज्ञात सूत्र:
अवशोषण नियम: A ∩ (A ∪ B) = A
हल:
चूँकि समुच्चय A, समुच्चय (A ∪ B) का उपसमुच्चय है, अर्थात् A ⊆ (A ∪ B)।
अतः A तथा (A ∪ B) का सर्वनिष्ठ समुच्चय A ही होगा।
A ∩ (A ∪ B) = A
अतः उत्तर: (अ) A
बिन्दु (1, 2) से जाने वाली तथा रेखा x + y + 7 = 0 पर लम्ब रेखा का समीकरण है—
(अ) y - x + 1 = 0
(ब) y - x - 1 = 0
(स) y - x + 2 = 0
(द) y - x - 2 = 0
उत्तर:
दिया है:
दी गई रेखा: x + y + 7 = 0
बिन्दु: (1, 2)
ज्ञात सूत्र:
रेखा ax + by + c = 0 पर लम्ब रेखा का समीकरण bx - ay + k = 0 होता है।
हल:
रेखा x + y + 7 = 0 पर लम्ब रेखा का समीकरण:
1x - 1y + k = 0 अर्थात् x - y + k = 0
यह रेखा बिन्दु (1, 2) से होकर जाती है:
1 - 2 + k = 0
-1 + k = 0
k = 1
k का मान रखने पर लम्ब रेखा का समीकरण:
x - y + 1 = 0
y - x के रूप में लिखने पर:
y - x - 1 = 0
अतः उत्तर: (ब) y - x - 1 = 0
lim x->2 (3x² - x - 10)/(x² - 4) का मान ज्ञात कीजिए।
उत्तर:
दिया है:
सीमा का व्यंजक lim x->2 (3x² - x - 10)/(x² - 4)
ज्ञात सूत्र:
यदि x = a रखने पर 0/0 का रूप प्राप्त होता है, तो अंश तथा हर के गुणनखण्ड करके अनिर्धार्य रूप को हटाया जाता है।
हल:
x = 2 रखने पर:
अंश = 3(2)² - 2 - 10 = 12 - 2 - 10 = 0
हर = 2² - 4 = 4 - 4 = 0
यह 0/0 रूप है।
अंश का गुणनखण्ड करने पर:
3x² - x - 10 = 3x² - 6x + 5x - 10
= 3x(x - 2) + 5(x - 2)
= (x - 2)(3x + 5)
हर का गुणनखण्ड करने पर:
x² - 4 = (x - 2)(x + 2)
व्यंजक में मान रखने पर:
lim x->2 [(x - 2)(3x + 5)] / [(x - 2)(x + 2)]
उभयनिष्ठ पद (x - 2) को निरस्त करने पर:
= lim x->2 (3x + 5)/(x + 2)
x = 2 की सीमा रखने पर:
= (3(2) + 5)/(2 + 2)
= (6 + 5)/4
= 11/4
अतः उत्तर: 11/4
(x + y)¹0 के प्रसार में सभी पदों के गुणांकों का योग ज्ञात कीजिए।
उत्तर:
दिया है:
द्विपद व्यंजक (x + y)¹0
ज्ञात सूत्र:
किसी द्विपद व्यंजक (x + y)ⁿ के प्रसार में सभी पदों के गुणांकों का योग प्राप्त करने के लिए चर राशियों x = 1 और y = 1 रखा जाता है।
गुणांकों का योग = (1 + 1)ⁿ
हल:
यहाँ घात n = 10 है।
x = 1 तथा y = 1 रखने पर:
गुणांकों का योग = (1 + 1)¹0
= 2¹0
= 1024
अतः उत्तर: 1024
सिद्ध कीजिए कि sin θ + sin(90° + θ) + sin(180° + θ) + sin(270° + θ) = 0
उत्तर:
दिया है:
वाम पक्ष (LHS) = sin θ + sin(90° + θ) + sin(180° + θ) + sin(270° + θ)
ज्ञात सूत्र:
sin(90° + θ) = cos θ
sin(180° + θ) = -sin θ
sin(270° + θ) = -cos θ
हल:
वाम पक्ष में उपयुक्त मान रखने पर:
LHS = sin θ + cos θ + (-sin θ) + (-cos θ)
LHS = sin θ + cos θ - sin θ - cos θ
LHS = (sin θ - sin θ) + (cos θ - cos θ)
LHS = 0 + 0
LHS = 0 = RHS
अतः उत्तर: इति सिद्धम्।
सिद्ध कीजिए कि sin 105° sin 75° = (√3 + 2)/4
उत्तर:
दिया है:
वाम पक्ष (LHS) = sin 105° sin 75°
ज्ञात सूत्र:
sin(A + B) = sin A cos B + cos A sin B
sin 105° = sin(60° + 45°)
sin 75° = sin(45° + 30°)
हल:
sin 105° का मान निकालने पर:
sin 105° = sin(60° + 45°)
= sin 60° cos 45° + cos 60° sin 45°
= (√3/2)(1/√2) + (1/2)(1/√2)
= (√3 + 1)/(2√2)
sin 75° का मान निकालने पर:
sin 75° = sin(45° + 30°)
= sin 45° cos 30° + cos 45° sin 30°
= (1/√2)(√3/2) + (1/√2)(1/2)
= (√3 + 1)/(2√2)
अब वाम पक्ष में मान रखने पर:
LHS = sin 105° sin 75°
= [(√3 + 1)/(2√2)] × [(√3 + 1)/(2√2)]
= (√3 + 1)² / (2√2)²
= (3 + 1 + 2√3) / 8
= (4 + 2√3) / 8
= 2(2 + √3) / 8
= (2 + √3) / 4
= (√3 + 2) / 4 = RHS
अतः उत्तर: इति सिद्धम्।
निम्नलिखित आँकड़ों से माध्यिका के सापेक्ष माध्य विचलन ज्ञात कीजिए— 36, 72, 46, 42, 60, 45, 53, 46, 51, 49
उत्तर:
दिया है:
आँकड़े: 36, 72, 46, 42, 60, 45, 53, 46, 51, 49
कुल पदों की संख्या (N) = 10
ज्ञात सूत्र:
माध्यिका (M) = [(N/2)वें पद का मान + ((N/2) + 1)वें पद का मान] / 2
माध्यिका के सापेक्ष माध्य विचलन (MD) = Σ xi - M / N
हल:
आँकड़ों को आरोही क्रम में व्यवस्थित करने पर:
36, 42, 45, 46, 46, 49, 51, 53, 60, 72
यहाँ N = 10 (सम संख्या) है।
माध्यिका (M) = (5वाँ पद + 6ठा पद) / 2
5वाँ पद = 46
6ठा पद = 49
M = (46 + 49) / 2 = 95 / 2 = 47.5
प्रत्येक पद का माध्यिका M = 47.5 से निरपेक्ष विचलन xi - M :
36 - 47.5 = 11.5
42 - 47.5 = 5.5
45 - 47.5 = 2.5
46 - 47.5 = 1.5
46 - 47.5 = 1.5
49 - 47.5 = 1.5
51 - 47.5 = 3.5
53 - 47.5 = 5.5
60 - 47.5 = 12.5
72 - 47.5 = 24.5
निरपेक्ष विचलनों का योग (Σ xi - M ):
Σ xi - M = 11.5 + 5.5 + 2.5 + 1.5 + 1.5 + 1.5 + 3.5 + 5.5 + 12.5 + 24.5 = 70
माध्यिका के सापेक्ष माध्य विचलन (MD) = 70 / 10 = 7
अतः उत्तर: 7
दो बिन्दुओं A तथा B के निर्देशांक क्रमशः (3, 4, 5) तथा (-1, 3, -7) हैं। गतिशील बिन्दु P का समीकरण ज्ञात कीजिए जबकि PA² + PB² = 2b²
उत्तर:
दिया है:
बिन्दु A = (3, 4, 5)
बिन्दु B = (-1, 3, -7)
प्रतिबंध: PA² + PB² = 2b²
ज्ञात सूत्र:
दो बिन्दुओं (x1, y1, z1) तथा (x2, y2, z2) के बीच की दूरी के वर्ग का सूत्र:
d² = (x1 - x2)² + (y1 - y2)² + (z1 - z2)²
हल:
माना कि गतिशील बिन्दु P के निर्देशांक (x, y, z) हैं।
PA² का मान ज्ञात करना:
PA² = (x - 3)² + (y - 4)² + (z - 5)²
= (x² - 6x + 9) + (y² - 8y + 16) + (z² - 10z + 25)
= x² + y² + z² - 6x - 8y - 10z + 50
PB² का मान ज्ञात करना:
PB² = (x - (-1))² + (y - 3)² + (z - (-7))²
= (x + 1)² + (y - 3)² + (z + 7)²
= (x² + 2x + 1) + (y² - 6y + 9) + (z² + 14z + 49)
= x² + y² + z² + 2x - 6y + 14z + 59
दिए गए संबंध PA² + PB² = 2b² में मान रखने पर:
(x² + y² + z² - 6x - 8y - 10z + 50) + (x² + y² + z² + 2x - 6y + 14z + 59) = 2b²
समान पदों को जोड़ने पर:
2x² + 2y² + 2z² - 4x - 14y + 4z + 109 = 2b²
2x² + 2y² + 2z² - 4x - 14y + 4z + 109 - 2b² = 0
अतः उत्तर:
2x² + 2y² + 2z² - 4x - 14y + 4z + 109 - 2b² = 0
(x² + 3/x)⁴, x ≠ 0 का द्विपद प्रमेय से प्रसार कीजिए।
उत्तर:
दिया है:
व्यंजक: (x² + 3/x)⁴
ज्ञात सूत्र:
द्विपद प्रमेय: (a + b)ⁿ = ⁿC₀ aⁿ + ⁿC₁ aⁿ⁻¹ b + ⁿC₂ aⁿ⁻² b² + ⁿC₃ aⁿ⁻³ b³ + ... + ⁿCₙ bⁿ
हल:
यहाँ a = x², b = 3/x तथा n = 4 है।
द्विपद प्रमेय से प्रसार करने पर:
(x² + 3/x)⁴ = ⁴C₀ (x²)⁴ + ⁴C₁ (x³) (3/x)¹ + ⁴C₂ (x²)² (3/x)² + ⁴C₃ (x²)¹ (3/x)³ + ⁴C₄ (3/x)⁴
संबद्ध गुणांकों के मान:
⁴C₀ = 1
⁴C₁ = 4
⁴C₂ = 6
⁴C₃ = 4
⁴C₄ = 1
प्रत्येक पद को सरल करने पर:
प्रथम पद = 1 × x⁸ = x⁸
द्वितीय पद = 4 × x⁶ × (3/x) = 12x⁵
तृतीय पद = 6 × x⁴ × (9/x²) = 54x²
चतुर्थ पद = 4 × x² × (27/x³) = 108/x
पंचम पद = 1 × (81/x⁴) = 81/x⁴
सभी पदों को जोड़ने पर:
(x² + 3/x)⁴ = x⁸ + 12x⁵ + 54x² + 108/x + 81/x⁴
अतः उत्तर:
x⁸ + 12x⁵ + 54x² + 108/x + 81/x⁴
उस दीर्घवृत्त का समीकरण ज्ञात कीजिए जिसके दीर्घ अक्ष की लम्बाई 26 तथा नाभियाँ (±5, 0) हैं।
उत्तर:
दिया है:
दीर्घ अक्ष की लम्बाई = 26
नाभियाँ = (±5, 0)
ज्ञात सूत्र:
दीर्घवृत्त का मानक समीकरण: x²/a² + y²/b² = 1
दीर्घ अक्ष की लम्बाई = 2a
नाभियाँ = (±c, 0)
जहाँ c² = a² - b²
हल:
1. दीर्घ अक्ष की लम्बाई 2a = 26
a = 26 / 2 = 13
a² = 169
2. नाभियाँ (±c, 0) = (±5, 0) से:
c = 5
c² = 25
3. लघु अक्ष b² का मान ज्ञात करना:
c² = a² - b²
25 = 169 - b²
b² = 169 - 25
b² = 144
4. a² तथा b² के मान मानक समीकरण में रखने पर:
x²/169 + y²/144 = 1
अतः उत्तर:
x²/169 + y²/144 = 1
x तथा y के वास्तविक मान ज्ञात कीजिए यदि 4x + i(3x - y) = 3 + i(-6)
उत्तर:
दिया है:
समीकरण: 4x + i(3x - y) = 3 + i(-6)
ज्ञात सूत्र:
यदि दो सम्मिश्र संख्याएँ a + ib और c + id परस्पर समान हों, तो उनके वास्तविक भाग आपस में बराबर (a = c) तथा काल्पनिक भाग आपस में बराबर (b = d) होते हैं।
हल:
दोनों पक्षों के वास्तविक तथा काल्पनिक भागों की तुलना करने पर:
वास्तविक भागों की तुलना से:
4x = 3
x = 3/4
काल्पनिक भागों की तुलना से:
3x - y = -6
x = 3/4 का मान रखने पर:
3(3/4) - y = -6
9/4 - y = -6
y = 9/4 + 6
y = (9 + 24) / 4
y = 33/4
अतः उत्तर:
x = 3/4, y = 33/4
यदि A = 1, 2, 3, B = 3, 4 तथा C = 4, 5, 6, तो A × (B ∩ C) ज्ञात कीजिए।
उत्तर:
दिया है:
A = 1, 2, 3
B = 3, 4
C = 4, 5, 6
ज्ञात सूत्र:
B ∩ C = x : x ∈ B तथा x ∈ C
A × D = (a, d) : a ∈ A तथा d ∈ D
हल:
1. सबसे पहले B और C का सर्वनिष्ठ (B ∩ C) ज्ञात करते हैं:
B ∩ C = 3, 4 ∩ 4, 5, 6 = 4
2. अब A तथा (B ∩ C) का कार्तिकी गुणनफल A × (B ∩ C) ज्ञात करते हैं:
A = 1, 2, 3
B ∩ C = 4
A × (B ∩ C) = (1, 4), (2, 4), (3, 4)
अतः उत्तर:
(1, 4), (2, 4), (3, 4)
उत्तर:
कीजिए -5 ≤ (50 - 3x)/2 ≤ 8
उत्तर:
दिया है:
असमिका: -5 ≤ (50 - 3x)/2 ≤ 8
ज्ञात सूत्र:
असमिका में किसी धनात्मक संख्या से गुणा करने पर असमिका का चिह्न नहीं बदलता है, परन्तु ऋणात्मक संख्या से गुणा/भाग करने पर असमिका का चिह्न उलट जाता है।
हल:
1. असमिका के सभी पक्षों को 2 से गुणा करने पर:
-5 × 2 ≤ 50 - 3x ≤ 8 × 2
-10 ≤ 50 - 3x ≤ 16
2. सभी पक्षों से 50 घटाने पर:
-10 - 50 ≤ -3x ≤ 16 - 50
-60 ≤ -3x ≤ -34
3. सभी पक्षों को -3 से भाग देने पर (असमिका के चिह्न उलट जाएँगे):
-60 / (-3) ≥ x ≥ -34 / (-3)
20 ≥ x ≥ 34/3
इसे सही क्रम में लिखने पर:
34/3 ≤ x ≤ 20
अंतराल के रूप में:
x ∈ [34/3, 20]
अतः उत्तर:
34/3 ≤ x ≤ 20 (अथवा x ∈ [34/3, 20])
उस अतिपरवलय की उत्केन्द्रता ज्ञात कीजिए जिसका नाभिलम्ब, अनुप्रस्थ अक्ष का आधा है।
उत्तर:
दिया है:
नाभिलम्ब की लम्बाई = (1/2) × (अनुप्रस्थ अक्ष की लम्बाई)
ज्ञात सूत्र:
माना अतिपरवलय का समीकरण x²/a² - y²/b² = 1 है।
अनुप्रस्थ अक्ष की लम्बाई = 2a
नाभिलम्ब की लम्बाई = 2b²/a
उत्केन्द्रता e = √(1 + b²/a²)
हल:
दी गई शर्त के अनुसार:
2b²/a = (1/2) × (2a)
2b²/a = a
2b² = a²
b²/a² = 1/2
उत्केन्द्रता के सूत्र में b²/a² का मान रखने पर:
e = √(1 + 1/2)
e = √(3/2)
अतः उत्तर:
उत्केन्द्रता e = √(3/2)
सिद्ध कीजिए कि सम्मिश्र संख्या z = -√3 - i का कोणांक -5π/6 है।
उत्तर:
दिया है:
सम्मिश्र संख्या z = -√3 - i
ज्ञात सूत्र:
यदि z = x + iy हो, तो tan α = y/x
यदि बिंदु (x, y) तृतीय चतुर्थांश में स्थित हो (x < 0, y < 0), तो मुख्य कोणांक θ = -(π - α) होता है।
हल:
1. z = -√3 - i में x = -√3 तथा y = -1 हैं।
यहाँ x < 0 और y < 0 है, इसलिए z तृतीय चतुर्थांश में स्थित है।
2. कोण α का मान ज्ञात करना:
tan α = (-1) / (-√3) = 1/√3
α = π/6
3. मुख्य कोणांक θ ज्ञात करना:
तृतीय चतुर्थांश के नियम से:
θ = -(π - α)
θ = -(π - π/6)
θ = -(5π/6)
इति सिद्धम्।
अतः उत्तर:
z = -√3 - i का कोणांक -5π/6 है।
सिद्ध कीजिए (cos A - cos B)² + (sin A - sin B)² = 4 sin²((A - B)/2)
उत्तर:
दिया है:
बायाँ पक्ष = (cos A - cos B)² + (sin A - sin B)²
ज्ञात सूत्र:
cos A - cos B = -2 sin((A + B)/2) sin((A - B)/2)
sin A - sin B = 2 cos((A + B)/2) sin((A - B)/2)
sin² θ + cos² θ = 1
हल:
बायाँ पक्ष = [-2 sin((A + B)/2) sin((A - B)/2)]² + [2 cos((A + B)/2) sin((A - B)/2)]²
= 4 sin²((A + B)/2) sin²((A - B)/2) + 4 cos²((A + B)/2) sin²((A - B)/2)
= 4 sin²((A - B)/2) [sin²((A + B)/2) + cos²((A + B)/2)]
= 4 sin²((A - B)/2) × 1
= 4 sin²((A - B)/2)
= दायाँ पक्ष
अतः उत्तर:
सिद्ध हुआ कि (cos A - cos B)² + (sin A - sin B)² = 4 sin²((A - B)/2)
फलन (cos x)/(1 + sin x) का x के सापेक्ष अवकलज ज्ञात कीजिए।
उत्तर:
दिया है:
y = (cos x) / (1 + sin x)
ज्ञात सूत्र:
d/dx (u/v) = [v (du/dx) - u (dv/dx)] / v²
d/dx (cos x) = -sin x
d/dx (sin x) = cos x
sin² x + cos² x = 1
हल:
dy/dx = [(1 + sin x) d/dx(cos x) - cos x d/dx(1 + sin x)] / (1 + sin x)²
= [(1 + sin x)(-sin x) - cos x (0 + cos x)] / (1 + sin x)²
= [-sin x - sin² x - cos² x] / (1 + sin x)²
= [-sin x - (sin² x + cos² x)] / (1 + sin x)²
= [-sin x - 1] / (1 + sin x)²
= -(1 + sin x) / (1 + sin x)²
= -1 / (1 + sin x)
अतः उत्तर:
-1 / (1 + sin x)
यदि फलन f(x); lim_(x -> 1) [(f(x) - 2) / (x² - 1)] = π को संतुष्ट करता है तो lim_(x -> 1) f(x) का मान ज्ञात कीजिए।
उत्तर:
दिया है:
lim_(x -> 1) [(f(x) - 2) / (x² - 1)] = π
ज्ञात सूत्र:
lim_(x -> a) [g(x) × h(x)] = [lim_(x -> a) g(x)] × [lim_(x -> a) h(x)]
हल:
हम जानते हैं कि lim_(x -> 1) (x² - 1) = 1² - 1 = 0
समीकरण के दोनों पक्षों में lim_(x -> 1) (x² - 1) से गुणा करने पर:
lim_(x -> 1) [ ((f(x) - 2) / (x² - 1)) × (x² - 1) ] = lim_(x -> 1) [ π × (x² - 1) ]
lim_(x -> 1) (f(x) - 2) = π × (1² - 1)
lim_(x -> 1) (f(x) - 2) = π × 0
lim_(x -> 1) f(x) - 2 = 0
lim_(x -> 1) f(x) = 2
अतः उत्तर:
2
सिद्ध कीजिए n-1Pr + r · n-1Pr-1 = nPr
उत्तर:
दिया है:
बायाँ पक्ष = n-1Pr + r · n-1Pr-1
ज्ञात सूत्र:
nPr = n! / (n - r)!
हल:
बायाँ पक्ष = [(n - 1)! / ((n - 1) - r)!] + r · [(n - 1)! / ((n - 1) - (r - 1))!]
= [(n - 1)! / (n - r - 1)!] + r · [(n - 1)! / (n - r)!]
हम जानते हैं कि (n - r)! = (n - r) · (n - r - 1)!
प्रथम पद के अंश तथा हर में (n - r) से गुणा करने पर:
= [(n - r)(n - 1)! / ((n - r)(n - r - 1)!)] + [r(n - 1)! / (n - r)!]
= [(n - r)(n - 1)! / (n - r)!] + [r(n - 1)! / (n - r)!]
= [(n - 1)! / (n - r)!] · [(n - r) + r]
= [(n - 1)! / (n - r)!] · n
= [n · (n - 1)!] / (n - r)!
= n! / (n - r)!
= nPr
= दायाँ पक्ष
अतः उत्तर:
सिद्ध हुआ कि n-1Pr + r · n-1Pr-1 = nPr
यदि y = √(x/a) + √(a/x) है तो सिद्ध कीजिए dy/dx = (1/2) [(x - a) / (x √(ax))]
उत्तर:
दिया है:
y = √(x/a) + √(a/x) = (1/√a) x^(1/2) + √a x^(-1/2)
ज्ञात सूत्र:
d/dx (xⁿ) = n x^(n - 1)
हल:
x के सापेक्ष अवकलन करने पर:
dy/dx = (1/√a) · (1/2) x^(1/2 - 1) + √a · (-1/2) x^(-1/2 - 1)
= (1 / (2 √a)) x^(-1/2) - (√a / 2) x^(-3/2)
= 1 / (2 √a √x) - √a / (2 x √x)
= 1 / (2 √(ax)) - √a / (2 x √x)
हर का लघुत्तम समापवर्त्य (2 x √(ax)) लेने पर:
dy/dx = (x - √a · √a) / [2 x √(ax)]
= (x - a) / [2 x √(ax)]
= (1/2) [(x - a) / (x √(ax))]
= दायाँ पक्ष
अतः उत्तर:
सिद्ध हुआ कि dy/dx = (1/2) [(x - a) / (x √(ax))]
बिन्दुओं (3, 4) व (-1, 2) को मिलाने वाले रेखाखण्ड के लम्बाद्धर्क का समीकरण ज्ञात कीजिए।
उत्तर:
दिया है:
दो बिन्दु A(3, 4) तथा B(-1, 2)।
ज्ञात सूत्र:
1. मध्य-बिन्दु के निर्देशांक = ((x₁ + x₂)/2, (y₁ + y₂)/2)
2. रेखा की ढाल m = (y₂ - y₁)/(x₂ - x₁)
3. लम्ब रेखा की ढाल m' = -1/m
4. रेखा का समीकरण: y - y₁ = m'(x - x₁)
हल:
बिन्दु A(3, 4) और B(-1, 2) का मध्य-बिन्दु M:
x = (3 + (-1)) / 2 = 2 / 2 = 1
y = (4 + 2) / 2 = 6 / 2 = 3
मध्य-बिन्दु M = (1, 3)
रेखाखण्ड AB की ढाल m₁:
m₁ = (2 - 4) / (-1 - 3) = -2 / -4 = 1/2
लम्ब-अर्द्धक रेखा की ढाल m₂:
m₂ = -1 / m₁ = -1 / (1/2) = -2
बिन्दु M(1, 3) से होकर जाने वाली तथा ढाल -2 वाली रेखा का समीकरण:
y - 3 = -2(x - 1)
y - 3 = -2x + 2
2x + y - 5 = 0
अतः उत्तर:
2x + y - 5 = 0
y-अक्ष पर उस बिन्दु के निर्देशांक ज्ञात कीजिए जिसकी बिन्दु P(3, -2, 5) से दूरी 5√2 है।
उत्तर:
दिया है:
बिन्दु P(3, -2, 5) तथा दूरी d = 5√2।
माना y-अक्ष पर स्थित बिन्दु Q(0, y, 0) है।
ज्ञात सूत्र:
दो बिन्दुओं के बीच की दूरी d = √((x₂ - x₁)² + (y₂ - y₁)² + (z₂ - z₁)²)
हल:
दूरी का वर्ग करने पर:
PQ² = (5√2)²
(0 - 3)² + (y - (-2))² + (0 - 5)² = 50
(-3)² + (y + 2)² + (-5)² = 50
9 + (y + 2)² + 25 = 50
34 + (y + 2)² = 50
(y + 2)² = 50 - 34
(y + 2)² = 16
y + 2 = ±4
प्रथम स्थिति:
y + 2 = 4
y = 2
द्वितीय स्थिति:
y + 2 = -4
y = -6
अतः उत्तर:
(0, 2, 0) तथा (0, -6, 0)
lim x→2 (x⁵ - 32) / (x² - 4) का मान ज्ञात कीजिए।
उत्तर:
दिया है:
lim x→2 (x⁵ - 32) / (x² - 4)
ज्ञात सूत्र:
lim x→a (xⁿ - aⁿ) / (x - a) = n × aⁿ⁻¹
हल:
अंश और हर दोनों को (x - 2) से भाग देने पर:
lim x→2 [(x⁵ - 2⁵)/(x - 2)] / [(x² - 2²)/(x - 2)]
अंश की सीमा = 5 × 2⁵⁻¹ = 5 × 2⁴ = 5 × 16 = 80
हर की सीमा = 2 × 2²⁻¹ = 2 × 2¹ = 4
अभिष्ट मान = 80 / 4 = 20
अतः उत्तर:
20
फलन 5 sin x - 6 cos x + 7 eⁿ का x के सापेक्ष अवकलज ज्ञात कीजिए।
उत्तर:
दिया है:
y = 5 sin x - 6 cos x + 7 eⁿ (जहाँ eⁿ = eˣ)
ज्ञात सूत्र:
d/dx (sin x) = cos x
d/dx (cos x) = -sin x
d/dx (eˣ) = eˣ
हल:
x के सापेक्ष अवकलन करने पर:
dy/dx = d/dx (5 sin x - 6 cos x + 7 eˣ)
= 5 d/dx(sin x) - 6 d/dx(cos x) + 7 d/dx(eˣ)
= 5 cos x - 6(-sin x) + 7 eˣ
= 5 cos x + 6 sin x + 7 eˣ
अतः उत्तर:
5 cos x + 6 sin x + 7 eˣ
यदि z एक सम्मिश्र संख्या है तथा z = 1 तो सिद्ध कीजिए कि (z - 1)/(z + 1) एक शुद्ध काल्पनिक संख्या है।
उत्तर:
दिया है:
z = 1
ज्ञात सूत्र:
1. z ² = z × z̄ = 1 => z̄ = 1/z (जहाँ z̄ संयुग्मी है)
2. यदि w + w̄ = 0 (या w̄ = -w), तो w एक शुद्ध काल्पनिक संख्या होती है।
हल:
माना w = (z - 1) / (z + 1)
w का सम्मिश्र संयुग्मी लेने पर:
w̄ = (z̄ - 1) / (z̄ + 1)
चूँकि z̄ = 1/z:
w̄ = (1/z - 1) / (1/z + 1)
= [(1 - z)/z] / [(1 + z)/z]
= (1 - z) / (1 + z)
= -(z - 1) / (z + 1)
= -w
चूँकि w̄ = -w, अतः w = (z - 1)/(z + 1) एक शुद्ध काल्पनिक संख्या है।
अतः उत्तर:
इति सिद्धम्।
एक चेस बोर्ड पर यादृच्छया तीन वर्ग चुने जाते हैं। दो वर्ग एक रंग के तथा तीसरा वर्ग दूसरे रंग का चुने जाने की प्रायिकता ज्ञात कीजिए।
उत्तर:
दिया है:
चेस बोर्ड में कुल वर्ग = 64
सफेद वर्ग = 32
काले वर्ग = 32
चुने जाने वाले वर्गों की संख्या = 3
ज्ञात सूत्र:
प्रायिकता P(E) = n(E) / n(S)
हल:
64 वर्गों में से 3 वर्ग चुनने के कुल तरीके n(S):
n(S) = ⁶⁴C₃ = (64 × 63 × 62) / (3 × 2 × 1) = 41664
अनुकूल स्थितियाँ n(E):
दो वर्ग एक रंग के (माना सफेद) और एक वर्ग दूसरे रंग का (काला) हो, अथवा दो वर्ग काले और एक वर्ग सफेद हो।
n(E) = (³²C₂ × ³²C₁) + (³²C₂ × ³²C₁)
= 2 × (³²C₂ × ³²C₁)
गणना:
³²C₂ = (32 × 31) / 2 = 496
³²C₁ = 32
n(E) = 2 × 496 × 32 = 31744
प्रायिकता P(E) = 31744 / 41664
1984 से अंश और हर को विभाजित करने पर:
P(E) = 16 / 21
अतः उत्तर:
16/21
निम्नलिखित आँकड़ों के लिए प्रसरण तथा मानक विचलन ज्ञात कीजिए—
xi 4 8 11 17 20 24 32
fi 3 5 9 5 4 3 1
उत्तर:
दिया है:
मानों (xi) की सूची: 4, 8, 11, 17, 20, 24, 32
बारंबारता (fi) की सूची: 3, 5, 9, 5, 4, 3, 1
ज्ञात सूत्र:
माध्य (x̄) = Σ (fi × xi) / N
प्रसरण (σ²) = Σ fi × (xi - x̄)² / N
मानक विचलन (σ) = √प्रसरण
हल:
कुल बारंबारता N = Σ fi = 3 + 5 + 9 + 5 + 4 + 3 + 1 = 30
Σ (fi × xi) की गणना:
4 × 3 = 12
8 × 5 = 40
11 × 9 = 99
17 × 5 = 85
20 × 4 = 80
24 × 3 = 72
32 × 1 = 32
Σ (fi × xi) = 12 + 40 + 99 + 85 + 80 + 72 + 32 = 420
माध्य (x̄) = 420 / 30 = 14
प्रत्येक पद के लिए fi × (xi - x̄)² की गणना:
3 × (4 - 14)² = 3 × 100 = 300
5 × (8 - 14)² = 5 × 36 = 180
9 × (11 - 14)² = 9 × 9 = 81
5 × (17 - 14)² = 5 × 9 = 45
4 × (20 - 14)² = 4 × 36 = 144
3 × (24 - 14)² = 3 × 100 = 300
1 × (32 - 14)² = 1 × 324 = 324
Σ fi × (xi - x̄)² = 300 + 180 + 81 + 45 + 144 + 300 + 324 = 1374
प्रसरण (σ²) = 1374 / 30 = 45.8
मानक विचलन (σ) = √45.8 ≈ 6.77
अतः उत्तर: प्रसरण = 45.8 तथा मानक विचलन = 6.77 (लगभग)
फलन [(x sin x + cos x)(x cos x - sin x)] का x के सापेक्ष अवकल गुणांक ज्ञात कीजिए।
उत्तर:
दिया है:
फलन y = (x sin x + cos x)(x cos x - sin x)
ज्ञात सूत्र:
दो फलनों के गुणनफल का अवकलन नियम: d/dx [ u × v ] = u × (dv/dx) + v × (du/dx)
d/dx (sin x) = cos x
d/dx (cos x) = -sin x
हल:
माना u = x sin x + cos x
तथा v = x cos x - sin x
प्रथम फलन u का x के सापेक्ष अवकलन करने पर:
du/dx = d/dx (x sin x + cos x)
du/dx = (1 × sin x + x cos x) - sin x
du/dx = sin x + x cos x - sin x
du/dx = x cos x
द्वितीय फलन v का x के सापेक्ष अवकलन करने पर:
dv/dx = d/dx (x cos x - sin x)
dv/dx = (1 × cos x - x sin x) - cos x
dv/dx = cos x - x sin x - cos x
dv/dx = -x sin x
गुणन सूत्र का प्रयोग करने पर:
dy/dx = u × (dv/dx) + v × (du/dx)
dy/dx = (x sin x + cos x)(-x sin x) + (x cos x - sin x)(x cos x)
dy/dx = -x² sin² x - x sin x cos x + x² cos² x - x sin x cos x
dy/dx = x² (cos² x - sin² x) - 2x sin x cos x
त्रिकोणमितीय सर्वसमिकाओं का प्रयोग करने पर:
cos² x - sin² x = cos 2x
2 sin x cos x = sin 2x
मान प्रतिस्थापित करने पर:
dy/dx = x² cos 2x - x sin 2x
अतः उत्तर: x² cos 2x - x sin 2x