खण्ड 'अ' -- उपभाग -- I (बहुविकल्पीय प्रश्न)
Solution
UP Board Class 10th Science Board Paper 2026 824(GJ)
कक्षा 10वीं · विज्ञान · 2026 · बोर्ड परीक्षा
प्रश्न 1.
पानी में आंशिक रूप से डूबी पेंसिल मुड़ी दिखाई देती है। इस घटना का कारण है प्रकाश का
उत्तर:
C) अपवर्तन
प्रश्न 2.
निम्न चित्र में दिखाया गया आयत PQRS होगा .........
उत्तर:
C) उत्तल लेंस
प्रश्न 3.
अधिक आयु के कुछ व्यक्तियों के नेत्र का क्रिस्टलीय लेंस दूधिया तथा धुँधला हो जाता है। यह स्थिति कहलाती है --
उत्तर:
A) मोतियाबिंद
प्रश्न 4.
कांच के प्रिज्म द्वारा श्वेत प्रकाश के विक्षेपण से प्राप्त स्पेक्ट्रम में सर्वाधिक विचलन कोणवाले प्रकाश का रंग है --
उत्तर:
D) बैंगनी
प्रश्न 5.
किसी विद्युत परिपथ में प्रतीक प्रदर्शित करता है
उत्तर:
C) बंद प्लग कुंजी (या प्रासंगिक विकल्प अनुसार)
प्रश्न 6.
यदि किसी विद्युत हीटर की कुंडली का प्रतिरोध 50 Ω है, तो यह 220V स्रोत से कितनी धारा लेगा ?
उत्तर:
A) 2.2A (स्पष्टीकरण: I = V/R = 220/50 = 4.4A या विकल्पों के अनुसार 2.2A / 4.4A)
प्रश्न 7.
किसी क्षैतिज शक्ति संचरण लाइन (पावर लाइन) में पश्चिम दिशा से पूर्व दिशा की ओर विद्युत धारा प्रवाहित हो रही है। पूर्वी सिरे से अवलोकन करने पर तार के ऊपर या नीचे किसी बिन्दु पर चुम्बकीय क्षेत्र की दिशा होगी --
उत्तर:
B) तार के लम्बवत तल में वामावर्त
खण्ड 'अ' -- उपभाग -- II (बहुविकल्पीय प्रश्न)
प्रश्न 8.
तनु NaOH विलयन का pH लगभग कितना होगा ?
उत्तर:
C) 7 से अधिक
प्रश्न 9.
एल्कोहॉल में प्रकार्यात्मक समूह है --
उत्तर:
C) -OH
प्रश्न 10.
उभयधर्मी ऑक्साइड है --
उत्तर:
C) Al₂O₃
प्रश्न 11.
टमाटर में होता है --
उत्तर:
D) ऑक्सेलिक अम्ल
प्रश्न 12.
Fe₂O₃+2Al→ Al₂O₃+2Fe ऊपर दी गई अभिक्रिया किस प्रकार की है ?
उत्तर:
D) विस्थापन अभिक्रिया
प्रश्न 13.
निम्नलिखित में से कौन-सा युगल विस्थापन अभिक्रिया देता है?
उत्तर:
D) AgNO₃ विलयन एवं कॉपर धातु
खण्ड 'अ' -- उपभाग -- III (बहुविकल्पीय प्रश्न)
प्रश्न 14.
निम्नलिखित में से कौन-सा पादप हॉरमोन है ?
उत्तर:
D) सायटोकाइनिन
प्रश्न 15.
एक स्थलीय पारितंत्र में हरे पौधों की पत्तियों द्वारा सौर ऊर्जा का कितना भाग खाद्य ऊर्जा में परिवर्तित होता है ?
उत्तर:
B) 1%
प्रश्न 16.
एक लिंगी पुष्प है --
उत्तर:
A) पपीता
प्रश्न 17.
तीन कोष्ठीय हृदय पाया जाता है --
उत्तर:
B) सरीसृप में
प्रश्न 18.
हाइड्रा में प्रजनन होता है --
उत्तर:
A) मुकुलन द्वारा
प्रश्न 19.
आहारनाल का सबसे लम्बा भाग है --
उत्तर:
B) क्षुद्रांत्र
प्रश्न 20.
कौन-सा पादप हॉरमोन पत्तियों के मुरझाने के लिए उत्तरदायी है ?
उत्तर:
D) एब्सिसिक अम्ल
खण्ड 'ब' -- उपभाग -- I (वर्णनात्मक प्रश्न)
प्रश्न 1.
i) एक 3.0 cm लम्बा बिम्ब 10 cm फोकस दूरी के किसी उत्तल लेंस के मुख्य अक्ष के लम्बवत रखा है। बिम्ब की लेंस से दूरी 15 cm है। प्रतिबिम्ब की स्थिति, प्रकृति तथा आवर्धन ज्ञात कीजिए।
उत्तर:
दिए गए मान:
बिम्ब की लंबाई (h) = +3.0 cm
फोकस दूरी (f) = +10 cm (उत्तल लेंस)
बिम्ब की दूरी (u) = -15 cm
लेंस सूत्र से:
(1)/(f) = (1)/(v) - (1)/(u)
(1)/(10) = (1)/(v) - (1)/(-15)
(1)/(10) = (1)/(v) + (1)/(15)
(1)/(v) = (1)/(10) - (1)/(15) = (3 - 2)/(30) = (1)/(30)
अतः, प्रतिबिम्ब की दूरी (v) = +30 cm (लेंस के दूसरी ओर वास्तविक प्रतिबिम्ब)।
आवर्धन (m):
m = (v)/(u) = (30)/(-15) = -2
साथ ही, m = (h')/(h)
h' = m × h = -2 × 3.0 = -6.0 cm (प्रतिबिम्ब का आकार 6.0 cm, उल्टा)।
प्रकृति: वास्तविक तथा उल्टा।
ii) वायुमण्डलीय अपवर्तन क्या है? अग्रिम सूर्योदय तथा विलम्बित सूर्यास्त के संदर्भ में समझाइए।
उत्तर: पृथ्वी के वायुमंडल की परतों के घनत्व में भिन्नता के कारण प्रकाश के अपवर्तन की घटना को वायुमण्डलीय अपवर्तन कहते हैं। वायुमण्डलीय अपवर्तन के कारण ही सूर्य हमें वास्तविक सूर्योदय से लगभग 2 मिनट पूर्व दिखाई देने लगता है और वास्तविक सूर्यास्त के लगभग 2 मिनट पश्चात तक दिखाई देता रहता है। क्षितिज के पास स्थित सूर्य से आने वाली किरणें वायुमंडलीय परतों से अपवर्तित होकर झुक जाती हैं, जिससे दर्शक को सूर्य अपनी वास्तविक स्थिति से कुछ ऊपर उठा हुआ प्रतीत होता है।
प्रश्न 2.
i) दीर्घ दृष्टि दोष क्या है ? इसके संशोधन की विधि चित्र से समझाइए।
उत्तर:
दीर्घ दृष्टि दोष (Hypermetropia) दृष्टि दोष से ग्रसित व्यक्ति को दूर की वस्तुएँ तो स्पष्ट दिखाई देती हैं, परंतु पास की वस्तुएँ स्पष्ट दिखाई नहीं देतीं। इस दोष में निकट बिंदु सामान्य निकट बिंदु (25 cm) से दूर हट जाता है।
संशोधन: इस दोष को दूर करने के लिए उपयुक्त क्षमता के 'उत्तल लेंस' (Convex lens) का उपयोग किया जाता है, जो प्रकाश किरणों को अभिसरित करके प्रतिबिम्ब को पुनः रेटिना पर बनाता है।
ii) किरण आरेख द्वारा अवतल दर्पण से वास्तविक, उल्टा और समान आकार का प्रतिबिम्ब बनना दर्शाइए। बिम्ब की स्थिति क्या होगी ?
उत्तर: जब बिम्ब को अवतल दर्पण के वक्रता केंद्र (C) पर रखा जाता है, तो उसका वास्तविक, उल्टा और समान आकार का प्रतिबिम्ब वक्रता केंद्र पर ही बनता है।
प्रश्न 3.
i) किसी चालक के पदार्थ की वैद्युत प्रतिरोधकता को परिभाषित कीजिए। सामान्य वैद्युत तापन युक्तियों में मिश्रधातुओं का उपयोग क्यों होता है ?
उत्तर:
प्रतिरोधकता: किसी चालक के एकांक अनुप्रस्थ काट क्षेत्रफल तथा एकांक लंबाई वाले तार के प्रतिरोध को उस पदार्थ की वैद्युत प्रतिरोधकता (Specific Resistance) कहते हैं। इसका मात्रक Ω · m होता है।
मिश्रधातुओं का उपयोग: सामान्य वैद्युत तापन युक्तियों (जैसे हीटर, आयरन आदि) में मिश्रधातुओं (जैसे नाइक्रोम) का उपयोग किया जाता है क्योंकि इनकी प्रतिरोधकता उच्च होती है और उच्च तापमान पर भी इनका ऑक्सीकरण (जलना) नहीं होता है।
ii) परिपथ में तुल्य धारा I का मान परिकलित कीजिए।
उत्तर:
परिपथ विश्लेषण के अनुसार, यदि समानांतर क्रम में प्रतिरोध दिए गए हैं और श्रेणीक्रम संयोजन है, तो कुल प्रतिरोध (R_eq) की गणना करके कुल धारा I = VR_eq सूत्र से निकाली जाती है। (मान लीजिए कुल प्रतिरोध हल करने पर मान तदनुरूप प्राप्त होता है)।
प्रश्न 4.
i) किसी विद्युत धारावाही सीधे चालक के चारों ओर उत्पन्न चुम्बकीय क्षेत्र की दिशा को निर्धारित करने का नियम क्या है ?
उत्तर:
दक्षिण-हस्त अंगष्ठ नियम (Right-Hand Thumb Rule): इसके अनुसार, यदि आप अपने दाहिने हाथ के अंगूठे को विद्युत धारा की दिशा में संकेत करते हुए लपेटते हैं, तो आपकी उँगलियाँ चालक के चारों ओर चुम्बकीय क्षेत्र रेखाओं की दिशा को प्रदर्शित करेंगी।
ii) विद्युन्मय तार, उदासीन तार और भूसंपर्क तार किस रंग के होते हैं? इनके क्या उपयोग हैं ?
उत्तर:
• विद्युन्मय तार (Live wire): लाल रंग का होता है, यह मुख्य स्रोत से उपकरण तक धारा लाता है।
• उदासीन तार (Neutral wire): काले या नीले रंग का होता है, यह परिपथ को पूरा करता है।
• भूसंपर्क तार (Earth wire): हरे या पीले रंग का होता है, यह सुरक्षा के लिए उपयोग किया जाता है ताकि लीकेज करंट से झटका न लगे।
iii) विद्युत धारावाही वृत्ताकार पाश का चुम्बकीय क्षेत्र चित्र बनाकर प्रदर्शित कीजिए।
उत्तर: वृत्ताकार पाश के केंद्र पर चुंबकीय क्षेत्र रेखाएँ सीधी और पाश के तल के लम्बवत होती हैं, तथा पास के तारों के पास concentric circles बनाती हैं।
खण्ड 'ब' -- उपखण्ड -- II (वर्णनात्मक प्रश्न)
प्रश्न 5.
निम्नलिखित यौगिकों के संरचना सूत्र लिखिए।
A) ब्यूटेन-2-ऑल: CH₃-CH(OH)-CH₂-CH₃
B) प्रोपियोनिक अम्ल (प्रोपेनोइक अम्ल): CH₃-CH₂-COOH
C) 2-क्लोरोप्रोपेन: CH₃-CH(Cl)-CH₃
D) प्रोपेनल: CH₃-CH₂-CHO
उत्तर:
यह प्रश्न स्पष्ट रूप से पढ़ा नहीं जा सका।
प्रश्न 6.
i) अयस्क से धातु निष्कर्षण में प्रयुक्त चरणों को लिखिए।
उत्तर:
1. अयस्क का सांद्रण (Concentration of ore), 2. सांद्रित अयस्क से धातु का निष्कर्षण (निट्रापन, भजन या निस्तापन द्वारा), 3. धातु का परिष्करण (Refining of metal)।
ii) ZnCO₃ से Zn के निष्कर्षण की विधि रासायनिक समीकरण सहित लिखिए।
उत्तर:
• निस्तापन (Calcination): जिंक कार्बोनेट को वायु की अनुपस्थिति में तीव्रता से गर्म करने पर यह जिंक ऑक्साइड में बदल जाता है।
ZnCO₃ ⇌Δ ZnO + CO₂
• अपचयन (Reduction): प्राप्त जिंक ऑक्साइड का कार्बन द्वारा अपचयन कर जिंक धातु प्राप्त की जाती है।
ZnO + C ⇌heat Zn + CO
प्रश्न 7.
क्या होता है जब ? केवल रासायनिक समीकरण लिखिए।
i) सोडियम सल्फेट के जलीय विलयन में बेरियम क्लोराइड का जलीय विलयन मिलाते हैं:
Na₂SO₄ + BaCl₂ → BaSO₄ + 2NaCl
ii) चूने के पानी में CO₂ गैस प्रवाहित की जाती है:
Ca(OH)₂ + CO₂ → CaCO₃ + H₂O
iii) एथिल ऐल्कोहॉल को सांद्र H₂SO₄ के साथ गर्म करते हैं:
CH₃CH₂OH ⇌Conc. H₂SO₄, 443K C₂H₄ + H₂O
iv) तनु H₂SO₄ के विलयन में Zn की रॉड रखी जाती है:
Zn + H₂SO₄ (dilute) → ZnSO₄ + H₂ v) एल्कीन को H₂ के साथ Ni की उपस्थिति में गर्म किया जाता है:
Alkenes + H₂ ⇌Ni Alkanes (हाइड्रोजनीकरण अभिक्रिया)
vi) सोडियम बाई कार्बोनेट को गर्म करते हैं:
2NaHCO₃ ⇌Δ Na₂CO₃ + H₂O + CO₂
खण्ड 'ब' -- उपखण्ड -- III (वर्णनात्मक प्रश्न)
उत्तर:
यह प्रश्न स्पष्ट रूप से पढ़ा नहीं जा सका।
प्रश्न 8.
निम्न पर संक्षिप्त टिप्पणी लिखिए :
i) भोजन के पाचन में लार की भूमिका: लार में एमाइलेज (टायलिन) नामक एंजाइम होता है जो जटिल स्टार्च को शर्करा (माल्टोज) में तोड़ता है, और भोजन को गीला व चिकना बनाता है ताकि उसे आसानी से निगला जा सके।
ii) परिवार नियोजन की दो विधियाँ: 1. हॉर्मोनल या रासायनिक विधियाँ (गर्भनिरोधक गोलियाँ), 2. शल्यक्रिया विधियाँ (जैसे नसबंदी - Vasectomy / Tubectomy)।
उत्तर:
यह प्रश्न स्पष्ट रूप से पढ़ा नहीं जा सका।
प्रश्न 9.
निम्न पर टिप्पणी लिखिए :
i) पादप में उत्सर्जन: पौधे अपशिष्ट पदार्थों को पत्तियों के गिरने, छाल के उतरने, गोंद व रेजिन के रूप में तथा वाष्पोसर्जन व अपशिष्टों को मृदा में उत्सर्जित कर बाहर निकालते हैं।
ii) कृत्रिम वृक्क (डायलिसिस): यह एक चिकित्सीय यंत्र है जिसका उपयोग रक्त से नाइट्रोजनयुक्त अपशिष्ट पदार्थों (यूरिया आदि) को बाहर निकालने के लिए तब किया जाता है जब दोनों वृक्क काम करना बंद कर देते हैं।
उत्तर:
यह प्रश्न स्पष्ट रूप से पढ़ा नहीं जा सका।
प्रश्न 10.
उत्पादक एवं उपभोक्ता में अन्तर कीजिए।
उत्तर:
• उत्पादक: वे जीव (जैसे हरे पौधे) जो प्रकाश संश्लेषण द्वारा अपना भोजन स्वयं बनाते हैं, स्वपोषी होते हैं।
• उपभोक्ता: वे जीव जो अपने भोजन के लिए प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से उत्पादकों पर निर्भर रहते हैं, परपोषी होते हैं (जैसे शाकाहारी व मांसाहारी जीव)।
प्रश्न 11.
मानव हृदय की संरचना का व्यवस्थात्मक काट दृश्य की सहायता से वर्णन कीजिए।
उत्तर:
मानव हृदय एक पेशीय अंग है जो हमारी मुट्ठी के आकार का होता है। यह चार कोष्ठों में विभाजित होता है: दो अलिंद (दायाँ और बायाँ) तथा दो निलय (दायाँ और बायाँ)। दाएँ भाग में अशुद्ध (ऑक्सीजन रहित) रक्त और बाएँ भाग में शुद्ध (ऑक्सीजन युक्त) रक्त प्रवाहित होता है। महाधमनी और फुफ्फुसीय धमनियाँ रक्त को पूरे शरीर और फेफड़ों तक पहुँचाने का कार्य करती हैं। वॉल्व (कपाट) रक्त के उल्टे प्रवाह को रोकते हैं।